25 Apr 2022

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भारतीय स्टेट बैंक ने कोष पर सीमांत लागत आधारित ऋण दर (एमसीएलआर) में 15 आधार अंकों का इजाफा किया है, जो विभिन्न अवधि के ऋणों पर 15 अप्रैल से प्रभावी हो गया है। इससे आम आदमी, कारोबारियों एवं उद्योगपतियों को ऋण पर ज्यादा किस्त और ब्याज चुकाना होगा। माना जा रहा है कि ऋण दर बढ़ने से उफनती महंगाई के दौर में लोगों की मुश्किलें और भी ज्यादा बढ़ेंगी। बैंक ने एक वर्ष की अवधि के लिए एमसीएलआर को बढ़ाकर 7.1 फीसदी कर दिया है, जबकि दो और तीन वर्ष के लिए एमसीएलआर को बढ़ाकर क्रमश: 7.3 प्रतिशत और चार प्रतिशत कर दिया है। एमसीएलआर बैंकों की मानक ब्याज दर होती है, जिस पर बैंक ग्राहकों को ऋण देते हैं। मौद्रिक नीति: महंगाई पर अंकुश लगाने की कवायद

25 Apr 2022 01:06AM,
by: Imran Khan