आपराधिक मुकदमों को सरल बनाने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने जारी किए नए निर्देश

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आपराधिक मुकदमों को पढ़ने और समझने में आसान बनाने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने निचली अदालतों को अहम निर्देश जारी किए हैं। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने कहा कि हर आपराधिक फैसले के अंत में गवाहों, दस्तावेजों और प्रदर्शित सामग्री का सारांश चार्ट अनिवार्य रूप से शामिल किया जाए।

अदालत के अनुसार, फैसलों में गवाहों का अलग चार्ट होगा, जिसमें उनका नाम, क्रम संख्या और संक्षिप्त विवरण दर्ज किया जाएगा। वहीं, सभी दस्तावेजी साक्ष्यों के लिए भी अलग चार्ट तैयार किया जाएगा, जिसमें दस्तावेज का विवरण और उसे प्रमाणित करने वाले गवाहों का उल्लेख होगा।

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस मानक प्रारूप से फैसले ज्यादा व्यवस्थित होंगे और अपीलीय अदालतों सहित सभी पक्षों को साक्ष्यों को समझने में आसानी होगी।


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