feature-top
केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच की मांग करने वाले एक याचिकाकर्ता के इस दावे के बाद कि राज्य सरकार जानबूझकर मामले को दबा रही है, जिसमें प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सरकारी खजाने को 4,700 करोड़ रुपये से अधिक के नुकसान का अनुमान लगाया है, सर्वोच्च न्यायालय ने तमिलनाडु सरकार को कथित अवैध रेत खनन की अपनी जांच का विवरण रिकॉर्ड पर रखने का निर्देश दिया।

feature-top