केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी ने रेस्टोरेंट को सर्विस चार्ज के खिलाफ चेतावनी दी

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 केंद्रीय उपभोक्ता मंत्री प्रल्हाद जोशी ने ग्राहकों के बिल में 'सर्विस चार्ज' (Service Charge) को ऑटोमैटिक रूप से जोड़ने वाले रेस्टोरेंट को कड़ी चेतावनी दी है और स्पष्ट किया है कि यह चार्ज पूरी तरह से स्वैच्छिक (वैकल्पिक) है और इसे देना या न देना पूरी तरह से ग्राहक के विवेक पर निर्भर करता है 

इस नियम का उल्लंघन करने वाले रेस्टोरेंट/होटलों के खिलाफ़ सरकार द्वारा की गई प्रमुख कार्रवाइयाँ और नियम -

 

 

प्रमुख अपडेट और कार्रवाई

  • 41 रेस्टोरेंट पर एक्शन: राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन (NCH) के माध्यम से मिली शिकायतों के आधार पर, केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने ग्राहकों की बिना अनुमति के बिल में सर्विस चार्ज जोड़ने वाले 41 रेस्टोरेंट के खिलाफ स्वतः संज्ञान लेकर कार्रवाई शुरू की है l
  • जुर्माना और रिफंड: नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों (जैसे- चायोस/Chaayos) पर ₹50,000 का जुर्माना लगाया गया है और उन्हें ग्राहकों से वसूला गया सर्विस चार्ज वापस करने का आदेश दिया गया है l
  • सॉफ्टवेयर में बदलाव: इन रेस्टोरेंट को अपने बिलिंग सिस्टम में आवश्यक बदलाव करने का निर्देश दिया गया है, ताकि बिल में सर्विस चार्ज को डिफ़ॉल्ट या ऑटोमैटिक तरीके से न जोड़ा जाए l

 

दिल्ली हाई कोर्ट का फैसला

  • दिल्ली हाई कोर्ट ने मार्च में सुनाए गए अपने फैसले में, बिलों पर ऑटोमैटिक या अनिवार्य सर्विस चार्ज लगाने पर रोक लगाने वाली CCPA की गाइडलाइंस को सही ठहराया है l
  • कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि कोई भी रेस्टोरेंट ग्राहकों को सर्विस चार्ज देने के लिए बाध्य नहीं कर सकता और इसे जबरन वसूलना अनुचित व्यापार व्यवहार (Unfair Trade Practice) की श्रेणी में आता है l

 

शिकायत कहाँ करें?

  • मंत्रालय ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई रेस्टोरेंट जबरन या बिना पूछे बिल में सर्विस चार्ज जोड़ता है, तो वे तुरंत इसकी रिपोर्ट करें l
  • ग्राहक इसकी शिकायत राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइनपोर्टल पर या टोल-फ्री नंबर 1915 पर कॉल करके कर सकते हैं l  

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