रायपुर। समाजसेविका और प्रधानपाठिका रहीं गुणवती बघेल के शव को लेकर बड़ी लापरवाही सामने आई है,पूरा जीवन समाजसेवा में करने वाली गुणवती बघेल कोरोना पॉजिटिव हो गई थीं,अव्यवस्था के कारण उनका शव 5 दिन तक मर्च्युरी में ही पड़ा रहा।जिसके बाद मानिकपुरी पनिका के पदाधिकारियों ने शव का पता लगाकर गुणवती बघेल का अंतिम संस्कार करवाया। 

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रायपुर। समाजसेविका और प्रधानपाठिका रहीं गुणवती बघेल के शव को लेकर बड़ी लापरवाही सामने आई है,पूरा जीवन समाजसेवा में करने वाली गुणवती बघेल कोरोना पॉजिटिव हो गई थीं,अव्यवस्था के कारण उनका शव 5 दिन तक मर्च्युरी में ही पड़ा रहा।जिसके बाद मानिकपुरी पनिका के पदाधिकारियों ने शव का पता लगाकर गुणवती बघेल का अंतिम संस्कार करवाया। 

वहीं शव के अव्यवस्था का शिकार होने पर समाज ने नाराजगी जताई है, बता दें कि गुणवती बघेल प्रधानपाठिका के पद पर नियुक्त थीं,उन्होंने अपने प्रयास से पहली से 12वीं तक के स्कूल का निर्माण करवाया, राज्य सरकार को गांव में ITI खोलने के लिए 5 एकड़ जमीन और 41 लाख रुपए नगद दान किए थे,उन्होंने बिरगांव के ब्लाइंड स्कूल में भी कमरों का निर्माण करवाया था।


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