21 Jan 2021

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रायपुर: आबकारी मंत्री कवासी लखमा के निर्देशन पर प्रदेश में मदिरा के अवैध बिक्री, भंडारण तथा परिवहन पर लगातार कड़ी कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में सचिव सह आबकारी आयुक्त निरंजन दास एवं प्रबंध संचालक ए. पी.त्रिपाठी के निर्देशन एवं कलेक्टर रायपुर डॉ एस. भारतीदासन तथा उपायुक्त आबकारी जिला रायपुर अरविंद पाटले के मार्गदर्शन में 20 जनवरी को आबकारी विभाग रायपुर द्वारा ग्राम भूमिया थाना तिल्दा में रोड चेकिंग के दौरान बिलासपुर की तरफ से आ रही डिजायर कार सीजी 12 एएन 9211 में आरोपी अभिवास सिंग ठाकुर निवासी सिमरन सिटी संतोषी नगर रायपुर को 50 पेटी गोवा व्हिस्की मादिरा फॉर सेल इन मध्यप्रदेश कुल 450 लीटर मादिरा जप्त कर आरोपी के विरुद्ध आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) का प्रकरण कायम कर विवेचना में लिया गया।   

21 Jan 2021 01:26PM,
by: Thaneshwar sahu
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 महाराष्ट्र के पुणे में वीरवार को सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआइआइ) के मंजरी प्लांट में भीषण आग लग गई। आग लगने से पांच लोगों की मौत हो गई। पुणे के मेयर मुरलीधर मोहोल के मुताबिक, इमारत से काफी लोगों को निकाला गया लेकिन जब आग पर काबू पाया गया तो पांच शव मिले। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। अभी तक आग के कारणों का पता नहीं चल सका है। आग लगने की जानकाकी मिलते ही फायर ब्रिगेड की दस गाड़ियां मौके पर पहुंची। सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के गेट नंबर एक पर लगी आग धीरे-धीरे आग बिल्डिंग की दूसरी, तीसरी, चौथी और पांचवीं मंजिल तक आग पहुंच गई। आग से हुए नुकसान के बारे में अभी तक जानकारी नहीं मिल पाई है। आग की वजह से चारों ओर धुएं का गुबार फैल गया। सीरम इंस्टीट्यूट ने ही कोरोना वैक्सीन कोविशील्ड को बनाया है। इस बीच, एसआइआइ के मंजरी प्लांट में आग लगने की घटना पर सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के सीईओ अदार पूनावाला ने कहा कि आग लगने से कोई हानि नहीं आई है।  

21 Jan 2021 12:56PM,
by: Thaneshwar sahu
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धमतरी :पिछले लगभग एक साल से कोविड-19 नामक अज्ञात शत्रु से भारत सहित पूरा विश्व जद्दोजहद कर रहा है। इसके संक्रमण की चपेट में आए अनेक लोगों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा। गर्व की बात यह है कि भारत उन देशों में शुमार है, जिसने लम्बे परीक्षण के उपरांत कोरोना वायरस की रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए कोविशील्ड नामक टीके की सफलतापूर्वक खोज अल्प अवधि में ही पूरी कर ली। देश, प्रदेश सहित जिले में भी इसके प्रारम्भिक चरण का टीका 16 जनवरी से लगाया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी.के. तुर्रे ने बताया कि जिले में कोविशील्ड के 3400 नग वॉयल की पहली खेप शुक्रवार को पहुंच गई तथा शनिवार से इसकी शुरूआत खुद को टीका लगवाकर की। उन्होंने बताया कि शनिवार के बाद सोमवार से स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों (प्रथम पंक्ति के कोरोना वॉरियर्स) को इसका टीका लगाया जा रहा है। इसका दूसरे चरण का टीका एक माह बाद उसी दिवस को लगाया जाएगा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने यह भी बताया कि यह देखने में आ रहा है कि इसे लेकर अनेक भ्रांतियां फैली हुई हैं, जो निर्मूल व निराधार हैं। डॉ. तुर्रे ने स्वयं का अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह टिटनेस के टीके के समान ही है, अब तक टीकाकरण करा चुके किसी भी स्वास्थ्य कर्मचारी किसी तरह की समस्या अथवा टीका का प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इससे कोविशील्ड सामान्य वैक्सीन ही है, जबकि इसे लगाने से पहले संबंधित व्यक्ति का सम्पूर्ण स्वास्थ्य परीक्षण किया जाता है जिसमें उपयुक्त पाए जाने पर ही उसे वैक्सीन लगाई जाती है।

21 Jan 2021 12:21PM,
by: Thaneshwar sahu