16 Dec 2020

Generic placeholder image

रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेशवासियों को विजय दिवस की शुभकामनाएं देते हुए देश के वीर जवानों को नमन किया है। बघेल ने कहा है कि आज ही के दिन 1971 में भारतीय जवानों की जीत हुई और पाकिस्तान के हजारों सैनिकों ने आत्मसमर्पण किया। पाकिस्तान का विभाजन हुआ और विश्व मानचित्र पर बांग्लादेश का उदय हुआ। यह पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी जी के दृढ़ निश्चय और पराक्रमी नेतृत्व का कमाल था। इंदिरा जी न डरीं, न सैनिकों का हौसला कम होने दिया। श्रीमती इंदिरा गांधी के निर्देशन और फील्ड मॉर्शल मॉनेक शॉ के नेतृत्व में भारतीय सेना ने शौर्य और बलिदान की सर्वोच्च परम्परा का निर्वाह करते हुए अदम्य साहस दिखाया। इस जीत ने हर भारतीय को गौरवान्वित किया। देश सदा इन वीर सपूतों का ऋणी रहेगा। मुख्यमंत्री ने विजय दिवस पर वीर जवानों को किया नमन

16 Dec 2020 10:29AM,
by: Thaneshwar sahu
Generic placeholder image

केंद्र सरकार के नए कृषि कानूनों के विरोध में पिछले 20 दिन से दिल्ली की सीमाओं पर धरने पर बैठे किसानों को हटाने के लिए लॉ स्‍टूडेंट द्वारा दायर की गई याचिका पर बुधवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई की गई। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि प्रदर्शन कर रहे किसान संगठनों को नोटिस भेजी जाएगी। किसान ओर सरकार प्रतिनिधि की कमेटी बनेगी राष्‍ट्रीय स्‍तर के मुद्दों को आपसी सहमति से सुलझाएं। इस दौरान याचिककर्ता के वकील ने शाहीन बाग मामले का उदाहरण देते हुए किसानों को हटाने की मांग की जिसपर चीफ जस्‍टिस ने कहा कि कानून और व्‍यवस्‍था मामले में उदाहरणों की जगह नहीं। चीफ जस्टिस एसए बोबडे, जस्टिस एएस बोपन्ना और वी रामसुब्रमण्यम की बेंच इस मामले की सुनवाई कर रही है।

16 Dec 2020 10:00AM,
by: Thaneshwar sahu
Generic placeholder image

16 दिसंबर भारत -पाकिस्तान युद्ध में भारत की सबसे बड़ी जीत हुई थी। भारत के वीर जवानों ने दुश्मनों को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया था।विजय गाथा का प्रतीक विजयंत टैंक रायपुर जीई रोड स्थित अनुपम गार्डन के पास मौजूद विजयंत टैंक ने युद्ध में प्रमुख भूमिका अदा की थी। यह भारत का पहला स्वदेशी टैंक है। सन 1965 से लेकर 2008 तक यह टैंक भारतीय फौज का हिस्सा रहा। सन 1971 की लड़ाई में इस टैंक का महत्वपूर्ण योगदान था। 39 हजार किलो वजनी यह टैंक 105 मिलीमीटर चौड़ा है, जिसमें 50 गोले रखे जा सकते हैं।इस टैंक से अलग- अलग तरह व साइज के गोले 44 से दो हजार राउंड तक फायर किए जा सकते हैं। तीन मीटर गहरी और दो मीटर चौड़ी खाई को फांदने वाला यह टैंक 530 किमी तक का सफर तय कर सकता है। इसकी अधिकतम स्पीड 50 किमी प्रति घंटा है।

16 Dec 2020 07:03AM,
by: Imran Khan