17 Mar 2021

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रायपुर : जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के मीडिया प्रमुख, मध्यप्रदेश पाठ्यपुस्तक निगम के पूर्व अध्यक्ष, पूर्व उपमहापौर तथा वरिष्ठ अधिवक्ता इकबाल अहमद रिजवी ने जानकारी देते हुए बताया है कि छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के लगभग पन्द्रह वर्षों के कार्यकाल में हुए करोड़ों के घोटाले का पर्दाफाश करने एक याचिका हाईकार्ट में दायर हुई है। मामले में सुनवाई पर हाईकोर्ट ने एक सप्ताह के अन्दर राज्य शासन से जवाब तलब किया है। अधिवक्ता सैय्यद इकबाल अहमद रिजवी ने हाईकोर्ट के अधिवक्ता मनोज कुमार दुबे के माध्यम से यह याचिका दायर की है। इस याचिका में बताया गया है कि लगभग 15-16 वर्षों के अन्तराल में तत्कालीन वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष हाजी सलीम अशरफी एवं सी.ई.ओ. पशु चिकित्सक साजिद अहमद फारूकी दोनों ही अपने-अपने पदों पर कुंडली मारकर बैठे रहे तथा उन्होंने अवैध रूप से वक्फ सम्पत्ति को बेचा, सम्पत्ति को बहुत कम कीमत पर किराए पर दी तथा लीज पर दी गई का किराया निहित स्वार्थ के तहत तीन एकड़ शहर के बीचो बीच स्थित़ बेशकीमती तीन एकड जमीन के भूखण्ड को वर्तमान दर से कम यानि मात्र एक हजार रूपए प्रति माह की दर से 30 साल के लिए लीज पर दे दिया। वक्फ बोर्ड सम्पत्ति के घोटालों में तत्कालीन पदाधिकारियों द्वारा पेश किए गए नौ करोड़ के फर्जी बिल भी शामिल हैं।

17 Mar 2021 10:09AM,
by: Thaneshwar sahu
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शिविर का उद्घाटन प्रदेश के वरिष्ठ सेवानिवृत्त आई ए एस अधिकारी व पंडित मिश्र के सुपुत्र श्री गणेश शंकर मिश्रा जी ने किया , इस एक दिवसीय शिविर में सामान्य स्वास्थ जांच जैसे सर्दी खासी कमजोरी तथा बदन दर्द के अलावा शुगर, रक्तचाप व नेत्र सम्बंदित समस्ये हेतु विशिष्ठ चिकित्सको द्वारा जांच कर दवाई वितरित किया गया । इस अवसर पर 150 से अधिक ग्रामीणों को तो लाभ हुआ ही साथ ही पशु चिकित्सा शिविर के माध्यम से लगभग 500 से अधिक मवेशियों का टीका उपचार आदि किया गया । इस अवसर पर डॉ अनुपमा धनंजय , डॉ राधिका वर्मा, डॉ ललित कुमार साहू व डॉ बी पी यादव व ब्लॉक कांग्रेस कमेटी खरोरा के अध्यक्ष सौरभ मिश्रा समेत पंडित मिश्रा के परिजन बड़ी मात्रा में उपस्तिथ थे । पंडित लखन लाल मिश्र ने गांधी जी के आह्वान पर 15 दिसबंर 1945 को ब्रिटिश दरोगा के पद को त्याग कर स्वतंत्रा संग्राम में छलांग लगा दी । मुरा के धरा पर जन्मे पंडित मिश्र ने अपने शेष जीवन हेतु मुरा को ही अपनी कर्म भूमि बनाकर कृषक आंदोलन को सशस्क्त किया एवं क्षेत्र की कृषि यवस्था को सृदृढ़ करते हुए समाजिक प्रतिष्ठा अर्जित की । उलेखनीय है कि पंडित मिश्र की सोलहवीं पुण्यतिथि 16 मार्च 1999 को अविभाजित मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री पंडित श्यामाचरण जी शुक्ल जी ने मुरा में उनको समर्पित शिलालेख का अनावरण किया था , तत्पश्चात सन 2000 से प्रतिवर्ष ऐसे निःशुल्क स्वास्थ्य व पशु चिकित्सा जांच शिविर उनके परिवार द्वारा आयोजित कराये जाते रहे है। सन 2005 में तत्कालीन राज्यपाल श्री के एम सेठ एवं तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने पंडित मिश्र की 22वी पुण्यतिथि पर सपत्नीक मुरा आकर उनकी आवक्ष प्रतिमा का अनावरण किया था । मुरा की धरती पँ मिश्र की गौरवशाली गाथा की 100 से भी अधिक वर्षो से साक्षी है।

17 Mar 2021 08:57AM,
by: निखिल वाधवा