Thaneshwar sahu

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रायपुर : जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के मीडिया प्रमुख, मध्यप्रदेश पाठ्यपुस्तक निगम के पूर्व अध्यक्ष, पूर्व उपमहापौर तथा वरिष्ठ अधिवक्ता इकबाल अहमद रिजवी ने जानकारी देते हुए बताया है कि छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के लगभग पन्द्रह वर्षों के कार्यकाल में हुए करोड़ों के घोटाले का पर्दाफाश करने एक याचिका हाईकार्ट में दायर हुई है। मामले में सुनवाई पर हाईकोर्ट ने एक सप्ताह के अन्दर राज्य शासन से जवाब तलब किया है। अधिवक्ता सैय्यद इकबाल अहमद रिजवी ने हाईकोर्ट के अधिवक्ता मनोज कुमार दुबे के माध्यम से यह याचिका दायर की है। इस याचिका में बताया गया है कि लगभग 15-16 वर्षों के अन्तराल में तत्कालीन वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष हाजी सलीम अशरफी एवं सी.ई.ओ. पशु चिकित्सक साजिद अहमद फारूकी दोनों ही अपने-अपने पदों पर कुंडली मारकर बैठे रहे तथा उन्होंने अवैध रूप से वक्फ सम्पत्ति को बेचा, सम्पत्ति को बहुत कम कीमत पर किराए पर दी तथा लीज पर दी गई का किराया निहित स्वार्थ के तहत तीन एकड़ शहर के बीचो बीच स्थित़ बेशकीमती तीन एकड जमीन के भूखण्ड को वर्तमान दर से कम यानि मात्र एक हजार रूपए प्रति माह की दर से 30 साल के लिए लीज पर दे दिया। वक्फ बोर्ड सम्पत्ति के घोटालों में तत्कालीन पदाधिकारियों द्वारा पेश किए गए नौ करोड़ के फर्जी बिल भी शामिल हैं।

17 Mar 2021 10:09AM,
by: Thaneshwar sahu
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   रायपुर : राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक ने आज राजधानी रायपुर के शास्त्री चौक स्थित आयोग कार्यालय में महिलाओ से संबंधित प्रकरणों की सुनवाई की। सुनवाई के दौरान बुजुर्ग माता-पिता और छोटे भाई के परिवार को घर से बाहर निकालने का प्रकरण सामने आया। मकान का भूमि स्वामित्व बुजुर्ग दंपति के नाम पर है जिसमें उसके बड़े पुत्र श्याम सुन्दर और उसकी पत्नी ने कब्जे में रखकर माता-पिता और भाई को घर से निकाल दिया है। सीनियर सिटीजन से इस तरह का व्यवहार घरेलू हिंसा की श्रेणी में आता है। ऐसी परिस्थिति में बुजुर्गो को मकान का कब्जा देने के साथ अनावेदक की पत्नी द्वारा अनावेदक के पिता और उनके परिवार में किसी भी तरह का बुरा व्यवहार नहीं करने के निर्देश दिए गए। इस पूरे प्रकरण में अधिवक्ता द्वय श्री भूपेन्द्र जैन, सुश्री शमीम रहमान को कमिश्नर नियुक्त किया गया। थाना प्रभारी गोल बाजार को निर्देशित किया गया कि दोनों पक्षकारों को शांतिपूर्वक ढंग से उनके हिस्से में निवास हेतु उचित समझाइश दें और अनावेदक इसमें दखलांदाजी करने पर उचित कार्यवाही करें।

17 Mar 2021 07:04AM,
by: Thaneshwar sahu